Religion Conversion: छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में गीतांजलि सिटी में रहने वाली स्वामी आत्मानंद स्कूल की महिला शिक्षिका पर मतांतरण के आरोप लगे हैं। इस पर हिंदू संगठन के लोगों ने जमकर हंगामा किया, जिसके बाद पहुंची पुलिस की टीम मकान में मौजूद शिक्षिका समेत अन्य लोगों को थाने लेकर आ गई। इस मामले पर शिक्षिका के बेटे पर भी केस हुआ है।
By Mohan Kumar
Publish Date: Mon, 21 Jul 2025 02:22:19 PM (IST)
Updated Date: Mon, 21 Jul 2025 02:48:52 PM (IST)

नईदुनिया प्रतिनिधि, बिलासपुर: गीतांजलि सिटी में रहने वाली स्वामी आत्मानंद स्कूल की महिला शिक्षिका के घर पर रविवार को मसीही समाज की प्रार्थना सभा का आयोजन किया गया था। यहां पर मतांतरण का आरोप लगाकर हिंदू संगठन के लोगों ने जमकर हंगामा किया।
इसके बाद पहुंची पुलिस की टीम मकान में मौजूद शिक्षिका समेत अन्य लोगों को थाने लेकर आ गई। पड़ोसी में रहने वाली महिला की शिकायत पर पुलिस ने शिक्षिका व उसके बेटे के खिलाफ जुर्म दर्ज कर लिया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
सरकंडा थाना प्रभारी निलेश पांडेय ने बताया कि गीतांजलि सिटी में रहने वाली अरुंधती साहू सरकंडा क्षेत्र के शासकीय स्वामी आत्मानंद स्कूल की शिक्षिका है। रविवार दोपहर को उनके घर पर प्रार्थना सभा की सूचना मिली थी। हिंदू संगठन से जुड़े लोग वहां पर मतांतरण का आरोप लगाकर हंगामा कर रहे थे। इसकी सूचना पर तत्काल पुलिस की टीम मौके पर पहुंची।
शिक्षिका अरुंधती साहू और उनके घर पर मौजूद लोगों को थाने लाया गया। इधर हिंदू संगठन से जुड़े लोग भी थाने पहुंचे। दोनों पक्ष से पूछताछ की गई है। हिंदू संगठन से जुड़े लोगों ने मतांतरण का आरोप लगाया है। शिकायत के आधार पर शिक्षिका व उसके बेटे साकेत साहू के खिलाफ बीएनएस की धारा 299 के तहत जुर्म दर्ज कर लिया गया है।
पूर्णिमा और अमावस्या को घर से सुनाई देती हैं चीखें
बताया जाता है कि शिक्षिका अरुंधती के घर पर अमावस्या और पूर्णिमा पर कई लोग आते हैं। देर रात वहां से चीखें सुनाई देती है। कुछ दिनों पहले पड़ोसी महिला ने अपने घर की खिड़की से देखा तो वहां का माहौल भयावह था। इसके बाद से उन्होंने अपनी खिड़की बंद कर दी है। शिक्षिका की हरकतों से वे परेशान
हो गई है।
पड़ोसियों ने कहा-घर में भूत भेजने की दी थी धमकी
शिक्षिका के पड़ोस में रहने वाली महिला ने बताया कि जब शिक्षिका वहां रहने के लिए आई तब उसने बाइबिल भेंट किया था। इसके बाद उसने मतांतरण के लिए भी उकसाया। तब उन्होंने अपने धर्म में रहने की बात कहते हुए उसे मना कर दिया था। इसके बाद से शिक्षिका उन्हें परेशान कर रही थी। आए दिन छोटी-छोटी बातों को लेकर विवाद करती थी। इससे वे परेशान हो गए थे। शिक्षिका ने उन पर मकान बेचने का भी दबाव बनाया था।
गर्मी की छुट्टी में 15 बच्चों को रखा था घर पर
पड़ोसी महिला ने बताया कि शिक्षिका अरुंधती साहू ने गर्मी की छुट्टी पर अपने घर में 15 बच्चों को रखा था। वह और उनके बच्चे सभी बच्चों को नहलाते और भोजन कराते थे। उनके घर आए बच्चे अपने बर्तन खुद धोते थे। बच्चों को मोहल्ले में किसी से बात करने नहीं दिया जाता था। इसके कारण पता नहीं चल पाया कि बच्चे कहां से आए थे। महिला शिक्षिका की गतिविधियां संदिग्ध रही है।