‘कातिल’ हथिनी ने ले ली 5वीं जान, सरगुजा में हाथियों के हमले में 4 लोगों की मौत, प्रशासन विफल

Author name

July 31, 2025


सरगुजा में हाथियों के हमले में 4 लोगों की मौत हो गई है। एक झुंड से भटके हाथी ने अलग-अलग स्थानों पर 2 महिला समेत 3 लोगों को कुचल कर मार डाला। वहीं अपने बच्चे के साथ भटक रही हथिनी ने एक व्यक्ति की हत्या कर दी। इस हथिनी ने अब तक 5 लोगों की जान ले ली है।

By Roman Tiwari

Publish Date: Thu, 31 Jul 2025 02:10:09 PM (IST)

Updated Date: Thu, 31 Jul 2025 02:10:31 PM (IST)

'कातिल' हथिनी ने ले ली 5वीं जान, सरगुजा में हाथियों के हमले में 4 लोगों की मौत, प्रशासन विफल
हथिनी ने अब तक ले ली 5 लोगों की जान

नईदुनिया प्रतिनिधि, अंबिकापुर: सरगुजा जिले में हाथियों के हमले से 24 घण्टे में दो महिलाओं समेत चार लोगों की मौत हो गई। लुंड्रा वन परिक्षेत्र में दल से भटके हाथी ने तीन लोगों को कुचल कर मार डाला। उधर सीतापुर वन परिक्षेत्र के देवगढ़ में दो हाथियों के हमले से ग्रामीण ने दम तोड़ दिया। वन कर्मचारियों को हाथियों की निगरानी में लगाया गया है।प्रभावित क्षेत्र में लोग भयभीत है।

बता दें कि, बलरामपुर जिले के राजपुर वन परिक्षेत्र से एक हाथी सरगुजा जिले के लुंड्रा वन परिक्षेत्र में विचरण कर रहा है। बुधवार की सुबह यह हाथी सेमरडीह ग्राम के बकिला स्कूलपारा पहुंच गया था। यहां रहने वाले नेहरू पैंकरा और उसकी पत्नी सनमेत पैंकरा हाथी की खबर सुनकर भाग रहे थे, लेकिन इसी बीच हाथी ने पीछे से आकर महिला को कुचल दिया।

वन विभाग विफल

इस हमले में महिला की मौके पर ही मौत हो गई। हाथी के हमले से महिला की मौत के बाद भी वन विभाग की ओर से हाथी की सही तरीके से निगरानी नहीं की गई। इसका नतीजा यह हुआ कि देर शाम हाथी ने ग्राम बेवरा (नवापारा चिरगा) में बुजुर्ग पिता और उसकी बेटी को कुचलकर मार डाला। ग्राम बेवरा निवासी राम (62) अपनी पुत्री प्यारी (35) के साथ खेत में रोपा लगाकर घर लौट रहा था। उसी दौरान जंगल के पास हाथी से उनका आमना-सामना हो गया। दोनों की मौके पर ही मौत हो गई।

कातिल हथिनी ने ले ली 5वीं जान

इधर सीतापुर वन परिक्षेत्र के देवगढ़ में बुधवार की सुबह एक हथिनी और उसके बच्चे ने ने मोहरलाल (55) को कुचल कर मार डाला। मृतक मोहरलाल खेत की ओर गया था, उसी दौरान हाथियों ने उसपर हमला कर दिया, जिससे मौके पर ही व्यक्ति की मौत हो गई। ये दोनों हाथी जशपुर जिले की ओर से सरगुजा के सीतापुर वन परिक्षेत्र में घुसे हैं।

दोनों हथिनी और उसका बच्चा घासीडीह से निकल कर सीतापुर के पेटला, ललितपुर, काराबेल होते हुए देवगढ़ के लामडांड में फूलचंद के खेत के पास पहुंचे थे। वहीं पर मोहरलाल भी था। वह भाग नहीं सका।

यह भी पढ़ें: तोमर बंधुओं को हाई कोर्ट से मिली बड़ी राहत, फिलहाल निगम नहीं तोड़ सकता आलीशान मकान

गौरतलब है कि इस हथिनी ने पिछले दिनों कई लोगों की हत्या कर दी है। इसने रायगढ़ के लैंलूगा क्षेत्र में 3 लोगो की हत्या कर दी थी, इसके बाद उसने पत्थलगांव क्षेत्र के स्कूल परिसर में उत्पात मचाया था। इस हथिनी ने पत्थलगांव क्षेत्र में भी एक व्यक्ति को कुचलकर मार डाला था।



Source link