ठंड और कोहरे की दोहरी मार, अंबिकापुर से मैनपाट तक कांप उठे लोग

Author name

January 5, 2026


CG Weather Update: उत्तरी छत्तीसगढ़ में मौसम ने अचानक तीखा रुख अपना लिया है। पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव के खत्म होते ही उत्तर-पश्चिम दिशा से आई सर्द हव …और पढ़ें

Publish Date: Mon, 05 Jan 2026 07:50:51 PM (IST)Updated Date: Mon, 05 Jan 2026 07:50:51 PM (IST)

CG Weather Update: ठंड और कोहरे की दोहरी मार, अंबिकापुर से मैनपाट तक कांप उठे लोग
छत्तीसगढ़ में कड़ाके की ठंड और घने कोहरे ने जनजीवन प्रभावित कर दिया है।

HighLights

  1. अंबिकापुर में 24 घंटे में तापमान पांच डिग्री गिरा
  2. घने कोहरे से दृश्यता घटकर 20 से 30 मीटर
  3. मैनपाट में तापमान दो डिग्री के आसपास पहुंचा

नईदुनिया प्रतिनिधि, अंबिकापुर: पश्चिमी विक्षोभ का असर कमजोर पड़ते ही उत्तरी छत्तीसगढ़ में ठंड ने अचानक तीव्र रूप ले लिया है। उत्तर-पश्चिम दिशा से आ रही सर्द हवाओं और घने कोहरे ने पूरे सरगुजा संभाग को अपनी चपेट में ले लिया है। सोमवार की सुबह मौसम का मिजाज (CG Weather Update) इतना सख्त रहा कि लोग घरों से निकलते ही कंपकंपाते नजर आए। इस सीजन में पहली बार अंबिकापुर में 24 घंटे के भीतर न्यूनतम तापमान में करीब पांच डिग्री सेल्सियस की बड़ी गिरावट दर्ज की गई।

naidunia_image

मौसम विभाग (IMD) द्वारा पहले ही उत्तरी छत्तीसगढ़ में शीतलहर और कड़ाके की ठंड की चेतावनी जारी की गई थी, जो अब पूरी तरह सच साबित होती दिख रही है। रविवार को जहां अंबिकापुर का न्यूनतम तापमान 9.9 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था, वहीं सोमवार को यह गिरकर 4.8 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया। अचानक आई इस गिरावट ने आम लोगों की दिनचर्या को प्रभावित कर दिया है। खासतौर पर बुजुर्गों और छोटे बच्चों को ठंड से सबसे ज्यादा परेशानी उठानी पड़ रही है।

सोमवार की सुबह शहर और आसपास के ग्रामीण इलाकों में घना कोहरा छाया रहा। कई स्थानों पर दृश्यता घटकर मात्र 20 से 30 मीटर तक सिमट गई, जिससे सड़कों पर चलना जोखिम भरा हो गया। वाहन चालकों को हेडलाइट जलाने के बावजूद सामने का रास्ता साफ नजर नहीं आ रहा था। कोहरे के कारण आवागमन भी प्रभावित हुआ और लोगों को अतिरिक्त सतर्कता बरतनी पड़ी।

स्कूल जाने वाले बच्चे ठंड से हुए बेहाल

दो दिन के अवकाश के बाद सोमवार से स्कूल खुलने के कारण बच्चों को कड़ाके की ठंड में घर से निकलना पड़ा। सुबह-सुबह स्कूल वाहन का इंतजार करते बच्चे ठंड से बचने के लिए सिमटे हुए नजर आए। अभिभावक भी बच्चों की सुरक्षा और स्वास्थ्य को लेकर चिंतित दिखे।

‘कड़ाके की ठंड से अभी राहत नहीं’

मौसम विज्ञानी AM भट्ट के अनुसार पश्चिमी विक्षोभ का असर अब उत्तरी छत्तीसगढ़ से पूरी तरह समाप्त हो चुका है। इसके बाद पीछे से आ रही ठंडी हवा और घने कोहरे के कारण ठंड और तेज हो गई है। उन्होंने बताया कि अगले 24 घंटे तक कोहरे का असर बना रह सकता है और तापमान में और गिरावट संभव है। हिमालय और उत्तराखंड क्षेत्र में नए विक्षोभ के कारण बर्फबारी और बारिश की संभावना है, जिसका असर उत्तरी छत्तीसगढ़ में शीतलहर के रूप में देखने को मिलेगा।

मैनपाट में जमा पाल, तापमान दो डिग्री के आसपास

सरगुजा जिले के पर्यटन स्थल मैनपाट और बलरामपुर जिले के सामरी पाट में ठंड का असर और ज्यादा है। यहां न्यूनतम तापमान दो डिग्री सेल्सियस के आसपास पहुंच गया है। मैनपाट में सोमवार सुबह कारों और अन्य वस्तुओं पर ओस की बूंदें जमकर बर्फ जैसी दिखाई दीं।

ठंड से बचने अलाव बना सहारा

ठंड से बचने के लिए लोग जगह-जगह अलाव का सहारा लेते नजर आए। नगर निगम द्वारा शहर के 20 स्थानों पर अलाव की व्यवस्था की गई है। फिलहाल मौसम से राहत के आसार नहीं हैं और आने वाले दिनों में भी उत्तरी छत्तीसगढ़ को कड़ाके की ठंड और घने कोहरे का सामना करना पड़ सकता है।



Source link