Bilaspur Murder: सिरगिट्टी क्षेत्र के मन्नाडोल में रहने वाले युवक ने सोमवार की दोपहर अपने पिता की फावड़ा मारकर बेरहमी से हत्या कर दी। फावड़े से कई वार …और पढ़ें

HighLights
- बिलासपुर में रूह कंपा देने वाली वारदात
- बेटे ने फावड़े से काटकर की पिता की हत्या
- हत्या से कमरे में फैल गए मांस के लोथड़े
नईदुनिया प्रतिनिधि, बिलासपुर। सिरगिट्टी क्षेत्र के मन्नाडोल में रहने वाले युवक ने सोमवार की दोपहर अपने पिता की फावड़ा मारकर बेरहमी से हत्या कर दी। फावड़े से कई वार करने के कारण सिर के टुकड़े-टुकड़े हो गए और पूरे कमरे में मांस फैल गया था। घटना को अंजाम देने के बाद उसने मोहल्ले में जमकर हंगामा किया। खून से सने फावड़े को लेकर युवक ने मोहल्ले में कई लोगों पर हमले का प्रयास किया। मोहल्ले के लोगों ने किसी तरह उसे काबू किया। इसके बाद घटना की सूचना पुलिस को दी गई। पुलिस की टीम ने मौके पर पहुंचकर शव कब्जे में ले लिया है। आरोपित को हिरासत में लेकर घटना के संबंध में पूछताछ की जा रही है।
फावड़े से ताबड़तोड़ वार कर हत्या कर दी
सिरगिट्टी टीआइ किशोर केंवट ने बताया कि मन्नाडोल प्राथमिक स्कूल के पास रहने वाले मनराखन गोंड(70) रोजी-मजदूरी करते थे। घर पर वे अपने तीन बेटों और पत्नी के साथ रहते थे। सोमवार की दोपहर वे घर पर ही थे। उनके दो बेटे काम पर गए थे। सबसे बड़ा बेटा नेतराम(40) काम पर नहीं गया था। दोपहर किसी बात को लेकर उसने अपने पिता पर फावड़े से ताबड़तोड़ वार कर हत्या कर दी। इसके बाद वह खून से सने फावड़े को लेकर घर से बाहर निकला। उसने मोहल्ले में आतंक फैलाते हुए कई लोगों पर हमले का प्रयास किया। इससे मोहल्ले के लोग दहशत में आ गए। किसी तरह युवक को पकड़कर मोहल्ले के लोगों ने इसकी सूचना पुलिस को दी। तब पुलिस की टीम मौके पर पहुंची। पुलिस ने आरोपित युवक को हिरासत में ले लिया है। इधर स्वजन को बुलाकर पंचनामा और फोरेंसिक जांच शुरू की गई। पुलिस आरोपित युवक से घटना के संबंध में पूछताछ कर रही है।
पांच साल पहले सड़क दुर्घटना के बाद बिगड़ी स्थिति
टीआइ किशोर केंवट ने बताया कि पुलिस ने स्वजन से पूछताछ की है। इसमें पता चला कि नेतराम छोटे मोटे काम करता था। पांच साल पहले एक सड़क हादसे में वह गंभीर रूप से घायल हो गया था। उसके सिर में चोट आई थी। लंबे समय तक चले उपचार के बाद वह घर आ गया। इसके बाद वह छोटी-छोटी बातों को लेकर उग्र हो जाता था। उसने कई बार घर के लोगों पर भी हमले की कोशिश की थी। घर के सदस्य मौजूद होने के कारण उसे काबू कर लिया जाता था। सोमवार को नेतराम की मां मंदिर गई थी। दोनों भाई भी अपने काम पर चले गए थे। घर पर पिता और नेतराम मौजूद थे।
बोरी में भरकर भेजा गया चीरघर
घटना की सूचना पर फोरेंसिक टीम भी मौके पर पहुंच गई। फोरेंसिक टीम ने मौके से साक्ष्य लिए हैं। इसके बाद शव को चीरघर भेजा गया है। पुलिस की टीम ने स्वजन की मौजूदगी में शव के टुकड़ों को इकठ्ठा किया। इसके बाद उसे बोरी में भरकर चीरघर भेजा गया है। हादसे की सूचना पर मनराखन के दो बेटे भी घर पहुंच गए। दोनों क्षत-विक्षत लाश को देखकर सदमे में आ गए।