नईदुनिया प्रतिनिधि, बिलासपुर। दीपावली का पर्व न्यायधानी बिलासपुर में इस बार रौनक और चमक-धमक का नया रिकॉर्ड बनाने जा रहा है। रविवार को पूर्व संध्या पर ही शहर की गलियां और बाजार उत्सव के रंग में डूबे नजर आए। अनुमान है कि इस बार पूजन सामग्री की बिक्री 50 करोड़ रुपये तक पहुंचेगी, वहीं पटाखों का कारोबार 30 करोड़ रुपये पार कर सकता है। इसके अलावा करीब 500 कार, बाइक और स्कूटर दिवाली पर ग्राहकों को डिलीवर किए जाएंगे और 50 ट्रक गेंदे के फूलों से पूरी न्यायधानी सजाई जाएगी।
खचाखच भरा बाजार
गोलबाजार, शनिचरी, तेलीपारा, लिंक रोड, राजीव प्लाजा और रिवर व्यू से लेकर ग्रीन गार्डन तक हर बाजार खचाखच भरा रहा। धनतेरस पर जहां सराफा, इलेक्ट्रॉनिक्स, ऑटोमोबाइल और रियल एस्टेट सेक्टर में रिकॉर्ड बिक्री दर्ज हुई, वहीं रविवार को पटाखों की दुकानों पर भीड़ उमड़ पड़ी। मुंगेली नाका, रिवर व्यू, बुधवारी बाजार और ग्रीन गार्डन मैदान में करीब 350 पटाखा दुकानें सजीं, जिनमें नए-नए ग्रीन पटाखों ने बच्चों और युवाओं को आकर्षित किया। धनतेरस पर पटाखों की 15 करोड़ की बिक्री हुई थी और दिवाली तक यह आंकड़ा 30 करोड़ के पार पहुंचने का अनुमान है।
पूजन सामग्री और मूर्तियों की खरीद भी पूरे जोरों पर रही। बाजारों में लक्ष्मी-गणेश की मूर्तियां, कलश, दीप, अगरबत्ती, रोली, चांदी के सिक्के और शुभ चिन्हों की जमकर बिक्री हुई। अनुमान है कि अकेले पूजन सामग्री की बिक्री 50 करोड़ रुपये तक पहुंचेगी। सराफा और बर्तन बाजारों में मेड इन इंडिया उत्पादों की मांग खास रही।
फूलों की महक में शहर
इस बीच, गेंदे और गुलाब के फूलों से पूरा शहर महका। कोलकाता, नासिक और बंगलुरु से आए फूलों ने बाजार की रौनक और बढ़ा दी। गेंदा फूलों की लड़ी 40 से 180 रुपये में बिक रही है। लक्ष्मी पूजन के लिए कमल फूलों की मांग भी अधिक रही। स्थानीय किसानों ने तालाबों से कमल निकालकर अच्छी कमाई की। अनुमान है कि फूलों का कारोबार 50 ट्रक तक पहुंच गया है।