CM Bus Yojana: छत्तीसगढ़ सरकार ग्रामीण इलाकों में सस्ती और सुलभ परिवहन सुविधा उपलब्ध कराने के लिए शुरू की गई मुख्यमंत्री ग्रामीण बस सुविधा योजना में शामिल बस ऑपरेटरों को प्रोत्साहित करने के लिए सब्सिडी भी देगी। इस योजना के पहले चरण में 100 बस दौड़ेंगी।
By Mohan Kumar
Publish Date: Tue, 24 Jun 2025 11:59:36 AM (IST)
Updated Date: Tue, 24 Jun 2025 12:09:54 PM (IST)

HighLights
- छत्तीसगढ़ में शुरू हो गई मुख्यमंत्री ग्रामीण बस सुविधा योजना
- योजना के तहत बस ऑपरेटरों को सब्सिडी भी मिलेगी
- पहले चरण में ग्राणीण इलाकों में दौड़ेंगी 100 बसें
राज्य ब्यूरो, नईदुनिया रायपुर: छत्तीसगढ़ के कम यात्री परिवहन सुविधा वाले दूरस्थ अंचल के लोगों को सस्ता और सुलभ परिवहन सुविधा उपलब्ध कराने के लिए शुरू की गई मुख्यमंत्री ग्रामीण बस सुविधा योजना में शामिल बस ऑपरेटरों को सब्सिडी भी मिलेगी। परिवहन विभाग के अधिकारियों के मुताबिक पहले चरण में ग्रामीण सड़कों पर 100 बस दौड़ेंगी।
इस योजना को सफल बनाने और बस ऑपरेटरों को प्रोत्साहित करने के लिए राज्य सरकार प्रति किलोमीटर 26 रुपये की सब्सिडी देगी। पहले साल 26 रुपये, दूसरे साल 24 रुपये और तीसरे साल 22 रुपये प्रतिकिलोमीटर की मदद दी जाएगी। 18 से 42 सीटर हल्के और मध्यम वाहनों को लाइसेंस जारी किया जाएगा। बस चलाने का काम स्थानीय लोगों को दिया जाएगा। इसमें एससी, एसटी और ओबीसी, महिलाओं और नक्सल प्रभावितों को प्राथमिकता दी जाएगी।
परिवहन विभाग के अधिकारियों ने बताया कि मुख्यमंत्री ग्रामीण बस सुविधा योजना शुरू करने के लिए 25 करोड़ रुपये का प्रावधान रखा गया है। इस योजना के तहत वाहन मालिकों को ग्रामीण सड़कों पर वाहन चलाने के लिए प्रथम परमिट तीन साल अधिकतम अवधि के लिए मासिक टैक्स में पूरी तरह छूट दी जाएगी।
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माओवाद हिंसा प्रभावितों को लगेगा आधा किराया
दृष्टिहीन, बौद्धिक दिव्यांग, दोनों पैरों से चलने में असमर्थ दिव्यांग, 80 वर्ष और उससे अधिक उम्र के लोगों, एड्स पीड़ितों को एक परिचारक के साथ किराया में पूरी छूट रहेगी, जबकि माओवाद हिंसा प्रभावित व्यक्तियों को आधा किराया लगेगा।
कुछ दिन पहले हुई थी फैसले को लेकर मीटिंग
पिछले दिनों राज्य स्तरीय समिति की बैठक परिवहन सचिव एवं आयुक्त एस. प्रकाश की अध्यक्षता में हुई। इसमें प्रदेश के सुदूर ग्रामीण क्षेत्रों में लोगों को सुलभ परिवहन सेवा उपलब्ध कराने के प्रस्तावों पर विस्तार से चर्चा के बाद बस्तर में 55 तो सरगुजा में बस चलाने के लिए 16 नए मार्गों के प्रस्ताव आए। पहले चरण में बस्तर एवं सरगुजा संभाग के दूरदराज के इलाकों के गांव जहां पर सड़क हैं परंतु यात्री वाहन संचालित नहीं हैं, ऐसे मार्गों पर यात्री वाहन का संचालन करने का फैसला लिया गया है।