NCB को मिली बड़ी कामयाबी, रायपुर में दो गांजा तस्करों को कोर्ट ने सुनाई 15 साल की सजा

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August 9, 2025


CG News: नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (एनसीबी) की रायपुर जोनल यूनिट ने गांजा की तस्करी में शामिल दो आरोपितों को कोर्ट से 15 साल की कठोर कारावास की सजा दिलाने में सफलता प्राप्त की है। तस्करी के इस प्रकरण में फर्जी नाम और पते का इस्तेमाल करते हुए मादक पदार्थो को पार्सल के माध्यम से भेजा गया था।

By Mohan Kumar

Publish Date: Sat, 09 Aug 2025 10:08:46 PM (IST)

Updated Date: Sat, 09 Aug 2025 10:08:46 PM (IST)

NCB को मिली बड़ी कामयाबी, रायपुर में दो गांजा तस्करों को कोर्ट ने सुनाई 15 साल की सजा
एनसीबी ने छापेमारी में जब्त किया था 132 किलो गांजा ( सांकेतिक तस्वीर)

HighLights

  1. एनसीबी ने छापेमारी में जब्त किया था 132 किलो गांजा
  2. दो आरोपियों को मिली 15 साल की कठोर कारावास की सजा
  3. एनसीबी ने देश के कई इलाकों में छापेमारी कर जब्त किया गांजा

नईदुनिया प्रतिनिधि, रायपुर। नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (एनसीबी) की रायपुर जोनल यूनिट ने गांजा की तस्करी में शामिल दो आरोपितों को कोर्ट से 15 साल की कठोर कारावास की सजा दिलाने में सफलता प्राप्त की है। इस मामले में एनसीबी की इंदौर क्षेत्रीय इकाई ने नौ से 13 सितंबर 2023 के बीच छत्तीसगढ़,राजस्थान,महाराष्ट्र, हरियाणा और दिल्ली के कई स्थानों में छापेमारी कर 132.567 किलो गांजा जब्त किया था। तस्करी के इस प्रकरण में फर्जी नाम और पते का इस्तेमाल करते हुए मादक पदार्थो को पार्सल के माध्यम से भेजा गया था।

एनसीबी के रायपुर क्षेत्रीय इकाई के निदेशक रवि शंकर जोशी ने बताया कि जांजगीर-चांपा निवासी आरोपित आनंद कुमार कश्यप को प्रथम जिला एवं अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश जांजगीर ने गांजा तस्करी का दोषी ठहराते हुए 15 साल के कठोर कारावास और 1.5 लाख रुपये के जुर्माने की सजा सुनाई। इसके अलावा पैन और आधार कार्ड की जालसाजी के अपराध में भी आइपीसी एवं आइटी एक्ट की धाराओ में दोषी ठहराया गया है। उसके बैंक खाते में जमा 2.01 लाख रुपये की राशि भी सफेमा मुंबई द्वारा फ्रीज कर दी गई है।

आरोपियों को मिली सजा

वहीं प्रकरण के दूसरे आरोपित सवाई माधोपुर,राजस्थान निवासी नरेंद्र कुमार प्रजापति को पांच साल की सजा और 50 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई गई। टोल फ्री नंबर पर दे तस्करों की जानकारी गांजा तस्करों को कोर्ट से सजा दिलाने में एनसीबी की जांच और अभियोजन द्वारा साक्ष्य पेश करना महत्वपूर्ण रहा। नशा मुक्त भारत के दृष्टिकोण को पूरा करने के लिए यह कदम एनसीबी की प्रतिबद्धता का उदाहरण है।

मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ लड़ाई में एनसीबी ने आम नागरिकों से सहयोग की अपील की है। कोई भी व्यक्ति इस संबंध में राष्ट्रीय नारकोटिक्स हेल्पलाइन टोल.फ्री नंबर 1933 पर काल करके मादक पदार्थों की बिक्री से संबंधित जानकारी साझा कर सकता है। सूचना देने वाले की पहचान गोपनीय रखी जाती है।



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