प्री-अप्रूव्ड लोन के नाम पर रायपुर में व्यापारियों से लाखों से ठगी, ट्रेन से भागने से पहले पुलिस ने दबोचा

Author name

February 7, 2026


रायपुर, नईदुनिया प्रतिनिधि। ऑनलाइन फाइनेंस और प्री-अप्रूव्ड लोन की आड़ में एमजी रोड चौपाटी क्षेत्र के ठेले लगाने वाले और छोटे व्यवसायियों से लाखों रुपये की ठगी करने वाले को मौदहापारा पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोपित मुदित पाठे उर्फ कृष पवार (19), निवासी बाजार चौक, छिंदवाड़ा (मध्यप्रदेश) के रूप में हुई है।

पुलिस के अनुसार आरोपित 10वीं पास है और पढ़ाई छोड़ने के बाद फाइनेंस सेक्टर में काम करने की इच्छा लेकर रायपुर आया था। वह पहले गुढियारी क्षेत्र में किराए के मकान में रहा, बाद में डोरमेट्री में ठहरते हुए एमजी रोड क्षेत्र में ठेले लगाने वाले और छोटे व्यापारियों से मेलजोल बढ़ाने लगा।

विश्वास जीतकर हासिल करता था दस्तावेज

आरोपित ऑनलाइन फाइनेंस, कैशबैक और इंवेस्टमेंट एप्लीकेशनों के जरिए बेस्ट कैशबैक, प्रोमो कोड और रेफरल कोड की जानकारी जुटाता था। शुरुआत में वह पीड़ितों को वास्तविक लाभ दिलवाकर उनका भरोसा जीतता था। विश्वास कायम होने के बाद उसने पीड़ितों के आधार कार्ड, पैन कार्ड, मोबाइल फोन और अन्य व्यक्तिगत दस्तावेजों तक पहुंच बना ली। प्रारंभिक चरण में वह लोन प्रक्रिया में सहायता करने, प्रोसेसिंग फीस माफ करवाने जैसे लाभ दिलवाने की बात कहता रहा, ताकि किसी प्रकार का संदेह न हो।

प्री-अप्रूव्ड लोन लेकर रकम खुद के खातों में ट्रांसफर

आरोपित ने बाद में विभिन्न फाइनेंस एप्लीकेशनों के माध्यम से पीड़ितों के नाम पर प्री-अप्रूव्ड लोन स्वीकृत कराए और लोन की राशि को अपने ऑनलाइन वॉलेट और अन्य बैंक खातों में चैनलाइज कर लिया। पूछताछ में आरोपित ने बताया कि उसके पिता पूर्व में इंश्योरेंस सेक्टर में कार्यरत थे, लेकिन कोरोना काल के बाद परिवार की आर्थिक स्थिति कमजोर हो गई। इसी कारण उसने दसवीं के बाद पढ़ाई छोड़ दी और ऑनलाइन एप के जरिए फाइनेंस और निवेश की जानकारी हासिल की। आरोपित ने यह भी स्वीकार किया कि ठगी से जुटाई गई रकम से वह अपने मूल निवास स्थान छिंदवाड़ा में मोबाइल की दुकान खोलना चाहता था।

फरार होने से पहले दबोचा गया आरोपित

मामला सामने आते ही डीसीपी सेंट्रल जोन उमेश प्रसाद गुप्ता और एडिशनल डीसीपी तारकेश्वर पटेल ने आवेदकों और आरोपित से पूछताछ कर तकनीकी साक्ष्यों का विश्लेषण किया। आरोपित घटना के बाद ट्रेन से फरार होने वाला था। उससे पहले गिरफ्तार कर लिया।

यह भी पढ़ें- केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के बस्तर दौरे से पहले बड़ा धमाका, सुकमा-बीजापुर में 51 माओवादियों ने किया सरेंडर

दर्जनभर बैंक कार्ड और मोबाइल जब्त

प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि आरोपित एक दर्जन से अधिक फाइनेंस और इंवेस्टमेंट एप्लीकेशनों का उपयोग कर रहा था। एसीपी कोतवाली दीपक मिश्रा के सुपरविजन में पुलिस ने आरोपित से दर्जनभर बैंक कार्ड, क्रेडिट कार्ड, पासबुक, चेकबुक और मोबाइल फोन बरामद किए हैं, जिनके जरिए ठगी की रकम विभिन्न वालेट में ट्रांसफर की गई थी। फिलहाल मौदहापारा पुलिस आरोपित के आनलाइन वालेट, बैंक खातों, मोबाइल फोन और संबंधित एप्लीकेशनों की जांच कर रही है। साथ ही अन्य मामलों में उसकी संलिप्तता की संभावना को लेकर विवेचना जारी है।



Source link